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PWD अधिकारी रिश्वत: इंदौर में PWD के 3 अधिकारी रिश्वत लेते गिरफ्तार, लोकायुक्त की बड़ी कार्रवाई, अंतिम बिल भुगतान के बदले मांगी थी घूस

इंदौर लोकायुक्त ने PWD में मारा छापा।
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  • इंदौर लोकायुक्त ने PWD में मारा छापा
  • रंगे हाथों दबोचे गए PWD के तीन अफसर
  • रिश्वतखोर अधिकारियों के खिलाफ केस दर्ज

PWD अधिकारी रिश्वत: मध्यप्रदेश।  मध्यप्रदेश की उघोगिक राजधानी इंदौर में लोकायुक्त टीम ने बड़ी कार्रवाई करते हुए PWD के तीन अधिकारियों को रिश्वत लेते रंगे हाथों गिरफ्तार किया। अधिकारियों ने ठेकेदार से अंतिम बिल पास करने के बदले लाखों रुपये की मांग की थी। ट्रैप कार्रवाई में 2.5 लाख रुपये बरामद हुए।

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लोकायुक्त की बड़ी कार्रवाई 

प्राप्त जानकारी के अनुसार इंदौर में लोकायुक्त टीम ने भ्रष्टाचार के खिलाफ बड़ी कार्रवाई करते हुए लोक निर्माण विभाग (PWD) के तीन अधिकारियों को रिश्वत लेते हुए रंगे हाथों गिरफ्तार किया है। इस कार्रवाई से विभाग में हड़कंप मच गया है। गिरफ्तार अधिकारियों में कार्यपालन यंत्री जयदेव गौतम, अनुविभागीय अधिकारी टी.के. जैन और उपयंत्री अंशु दुबे शामिल हैं। ये सभी अधिकारी PWD संभाग-1 में पदस्थ थे और लंबे समय से शिकायतों के घेरे में बताए जा रहे थे।

रिश्वत के बदले बिल भुगतान का आरोप 

मामले में फरियादी राजपाल सिंह पंवार, जो पटेल श्री इंटरप्राइजेस धार के संचालक हैं, ने लोकायुक्त से शिकायत की थी। आरोप है कि अधिकारियों ने ठेकेदार के अंतिम बिल के भुगतान के बदले रिश्वत की मांग की थी। शिकायत के बाद लोकायुक्त टीम ने योजना बनाकर ट्रैप बिछाया। इस दौरान जयदेव गौतम को उनके सरकारी आवास से 1.50 लाख रुपये और टी.के. जैन को कार्यालय परिसर से 1 लाख रुपये लेते हुए पकड़ा गया।

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कार्रवाई से विभाग में हड़कंप 

लोकायुक्त की इस कार्रवाई के बाद सरकारी विभागों में सतर्कता बढ़ गई है। टीम ने आरोपियों के सरकारी आवास और दफ्तरों में भी जांच की है। उपयंत्री अंशु दुबे को भी मामले में नामजद किया गया है और आगे की जांच जारी है। अधिकारियों के खिलाफ भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम के तहत मामला दर्ज किया गया है। इस कार्रवाई को लोकायुक्त की बड़ी सफलता माना जा रहा है, जिससे भ्रष्टाचार पर लगाम लगाने की उम्मीद जताई जा रही है।

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